Breaking News

गंगा नदी खतरे के निशान के ऊपर, पटना में बाढ़ का खतरा बिहार में बाढ़- 4 किमी नांव की डोली बना अपनी दुल्हन लेने पहुंचा लड़का चिराग को छोड़कर गए लोगों का नहीं है कोई जनाधार- कांग्रेस सुशांत मामले को लेकर राजद नेता तेजस्वी यादव का बयान, राजगीर मेंं बनने वाली फिल्म सिटी का नाम हो सुश बिहार में बाढ़ से 22 जिलों की हालत बदहाल, 82 लाख लोग हुए हैं प्रभावित सुशांत सिंह मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने दिया आदेश, सीबीआई करेगी मामले की जांच नीतीश कुमार ने दिया शिक्षकों को तोहफा, पूरे बिहार में कहीं भी ले सकते हैं तबादला नीतीश सरकार ने नियोजित शिक्षकों की नई सेवा शर्त लागू कर खेला 'मास्टर स्ट्रॉक' MenstrualHygieneDay पर जागरूकता के लिए उठाए जा रहे कदम, पर कम नहीं आलोचनाओं का जोर जद (यू0)- दलित-महादलित प्रकोष्ठ की राज्य कार्यकारिणी की संयुक्त बैठक गया में युवती से बलात्कार के बाद हत्या नियोजित शिक्षकों ने कहा जल्द उनकी मांगें पूरी नहीं तो आंदोलन आंगनवाड़ी सेविका-सहायिका का हड़ताल काफी दुखद- कृष्ण नंदन वर्मा मोतिहारी- २०१९ की चुनाव तैयारी में जुटा जिला प्रशासन रामगढ़- पतरातू डैम परिसर में अवैध पार्किंग टिकट के नाम पे वसूली


शराबबंदी के बाद भी बढी पर्यटकों की संख्या- नीतीश कुमार

By समाचार नाऊ ब्यूरो | Publish Date: Mon ,24 Apr 2017 06:04:54 pm |


समाचार नाऊ ब्यूरो  : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने विरोधियों के उस आरोप कि प्रदेश में पूर्णशराबबंदी का प्रभाव यहां आने वाले पयर्टकों पर पड़ने को ‘कुतर्क' की संज्ञा देते हुए आज बताया कि राज्य में आने वाले देशी पर्यटकों की संख्या में 68 प्रतिशत और विदेशी पर्यटकों की संख्या में 9 प्रतिशत की वृद्धि हुयी है बिहार विधानसभा स्थित अपने कक्ष में आज पत्रकारों से बातचीत करते हुए नीतीश ने कहा कि वर्ष 2015 में (शराबबंदी के पूर्व) बिहार में आने वाले देशी पर्यटकों की तुलना में वर्ष 2016 में इनकी संख्या में 68 प्रतिशत का इजाफा हुआ है. उन्होंने बताया कि वर्ष 2015 में बिहार में जहां 1.69 करोड़ देशी पर्यटक आए जो वर्ष 2016 में बढ़कर 2.85 करोड़ हो गयी है.

नीतीश ने बताया कि वर्ष 2015 में बिहार में आने वाले विदेशी पर्यटकों की तुलना में वर्ष 2016 में इनकी संख्या में 9 प्रतिशत का इजाफा हुआ है. उन्होंने बताया कि वर्ष 2015 में बिहार में जहां 9.2 लाख विदेशी पर्यटक आए, वहीं वर्ष 2016 में यह बढ़कर 10.01 लाख हो गयी है.

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने यह भी कहा कि वित्तीय वर्ष 2016-17 में राजस्व संग्रह में करीब 1000 रुपये की हानि हुयी और यह भी शराबबंदी लागू (अप्रैल 2016 में) किए जाने के कारण नहीं बल्कि नोटबंदी और अन्य कारणों के कारण हुआ.सीएम नीतीश ने आज फिर दोहराया कि प्रदेश में शराबबंदी के कारण प्रतिवर्ष 5000 करोड़ रुपये अधिक के राजस्व की हानि के बदले राज्य में जनता द्वारा शराब के बजाए अन्य वस्तुओं यथा बेहतर खाद्य पदार्थ मिठाई, कपड़ा और फर्निचर सहित अन्य आवश्यक वस्तुओं की खरीद पर राशि खर्च किए जाने से प्रदेश को दोगुनी राशि का लाभ हुआ है

सीएम नीतीश ने आज फिर दोहराया कि प्रदेश में शराबबंदी के कारण प्रतिवर्ष 5000 करोड़ रुपये अधिक के राजस्व की हानि के बदले राज्य में जनता द्वारा शराब के बजाए अन्य वस्तुओं यथा बेहतर खाद्य पदार्थ मिठाई, कपड़ा और फर्निचर सहित अन्य आवश्यक वस्तुओं की खरीद पर राशि खर्च किए जाने से प्रदेश को दोगुनी राशि का लाभ हुआ है



Related News


बिहार में बाढ़- 4 किमी नांव की डोली बना अपनी

खरीफ विपणन सीजन 2020-21 के दौरान न्यूनतम समर्थन मूल्य

अपसी विभेद में उलझ गया है महागठबंधन

हाजीपुर से लोकसभा चुनाव नहीं लडूंगा - रामविलास

हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड मामले में झूठ बोल रही है रक्षा

भाजपा- 2019 का चुनावी शंखनाद कई कमिटी में प्रमुख नियुक्त

2022 तक सभी के लिए आवास देना हमारा संकल्प है

100 दिनों में भी छह लाख से अधिक लोग प्रधानमंत्री

प्रधानमंत्री ने अंतरराष्‍ट्रीय चावल अनुसंधान संस्‍थान का परिसर राष्‍ट्र को

बाल यौन अपराध संरक्षण (पोक्‍सो) अधिनियम, 2012 में संशोधन की

राजस्थान विधान सभा चुनाव- हे किसान तेरी खुशी- वादो की

वीवीआईपी हेलीकॉप्टर सौदे में बिचौलिये मिशेल को भारत लाया गया

Follow Us :

All rights reserved © 2013-2026 samacharnow.com